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अपराध
राजस्थान हाईकोर्ट: फर्जी जमानत आदेश से जेल से छूटा आरोपी, जांच शुरू
✍️ Amar Ujala · Rajasthan
🗓 04 नव. 2026, 10:36 AM
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राजस्थान हाईकोर्ट की वेबसाइट पर मिले दो संदिग्ध जमानत आदेशों की जांच प्रशासन ने शुरू कर दी है, जिन्हें एनडीपीएस आरोपी को छुड़ाने के लिए दिखाया गया था।
राजस्थान हाईकोर्ट प्रशासन ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर दो संदिग्ध जमानत आदेशों के मिलने के बाद आंतरिक जांच शुरू कर दी है। इन आदेशों का दावा किया गया था कि ये एनडीपीएस मामले के एक आरोपी के लिए हैं, जिन्होंने जेल से छूट पाने के लिए इन्हें प्रस्तुत किया था।
कोर्ट अधिकारियों ने रजिस्ट्रेशन नंबरों और सरकारी वकील के नाम में पाई गई गड़बड़ियों के कारण इन दस्तावेजों पर संदेह जताया। इन त्रुटियों ने आदेशों की प्रामाणिकता के बारे में तुरंत चिंताएं जताईं।
जांच के दौरान पता चला कि आरोपी ने इन संदिग्ध दस्तावेजों को दिखाकर हिरासत से भागने में सफलता पाई है। हाईकोर्ट प्रशासन अब यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि ऐसे आदेश आधिकारिक पोर्टल पर कैसे प्रकाशित हुए और उनकी जारी करने की जिम्मेदारी किसकी थी।
इस जांच का उद्देश्य धोखे के स्रोत की पहचान करना और कोर्ट के डिजिटल रिकॉर्ड्स की अखंडता को पुनर्स्थापित करना है। वर्तमान में आरोपी की पहचान या विशिष्ट केस नंबर से जुड़े कोई और विस्तृत तथ्य सार्वजनिक रूप से जारी नहीं किए गए हैं।
कोर्ट अधिकारियों ने रजिस्ट्रेशन नंबरों और सरकारी वकील के नाम में पाई गई गड़बड़ियों के कारण इन दस्तावेजों पर संदेह जताया। इन त्रुटियों ने आदेशों की प्रामाणिकता के बारे में तुरंत चिंताएं जताईं।
जांच के दौरान पता चला कि आरोपी ने इन संदिग्ध दस्तावेजों को दिखाकर हिरासत से भागने में सफलता पाई है। हाईकोर्ट प्रशासन अब यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि ऐसे आदेश आधिकारिक पोर्टल पर कैसे प्रकाशित हुए और उनकी जारी करने की जिम्मेदारी किसकी थी।
इस जांच का उद्देश्य धोखे के स्रोत की पहचान करना और कोर्ट के डिजिटल रिकॉर्ड्स की अखंडता को पुनर्स्थापित करना है। वर्तमान में आरोपी की पहचान या विशिष्ट केस नंबर से जुड़े कोई और विस्तृत तथ्य सार्वजनिक रूप से जारी नहीं किए गए हैं।