📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Power
बिज़नेस
पीएम मोदी ने नई दिल्ली में भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन एवं एक्सपो 2026 का उद्घाटन किया
✍️ News On AIR
🗓 02 नव. 2026, 11:38 AM
👁 3
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज नई दिल्ली में भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन एवं एक्सपो 2026 का आधिकारिक उद्घाटन करेंगे, जो भारत की स्वच्छ ऊर्जा दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
नई दिल्ली, आज – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन एवं एक्सपो 2026 का उद्घाटन करेंगे, जिसमें सरकारी अधिकारी, उद्योग के नेता और प्रौद्योगिकी नवाचारकर्ता भारत की नवीकरणीय ऊर्जा रणनीति पर चर्चा करेंगे।
समारोह कई दिनों तक चलेगा और इसमें सौर, पवन, जल और अन्य स्वच्छ‑प्रौद्योगिकी के नवीनतम विकास को प्रदर्शित किया जाएगा, जबकि एक्सपो में घरेलू और विदेशी कंपनियों को अपने उत्पाद दिखाने और साझेदारी खोजने का मंच मिलेगा।
आयोजक इस कार्यक्रम को हरित बुनियादी ढांचे में निवेश को तेज करने, स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्र में रोजगार सृजन करने और 2030 के अंतर्राष्ट्रीय जलवायु लक्ष्य को पूरा करने के लिए महत्वपूर्ण मानते हैं।
नई दिल्ली में सुरक्षा और लॉजिस्टिक इंतजाम कड़े किए गए हैं; प्रधानमंत्री वरिष्ठ मंत्रियों, राज्य प्रतिनिधियों और व्यापार प्रतिनिधियों के समक्ष संबोधन करेंगे और फिर प्रदर्शनी हॉल का दौरा करेंगे।
यह उद्घाटन नवीकरणीय ऊर्जा को आर्थिक विकास और ऊर्जा सुरक्षा के प्रमुख स्तंभ के रूप में सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है, तथा नीति संवाद और उद्योग सहयोग के केंद्र के रूप में दिल्ली की भूमिका को सुदृढ़ करता है।
समारोह कई दिनों तक चलेगा और इसमें सौर, पवन, जल और अन्य स्वच्छ‑प्रौद्योगिकी के नवीनतम विकास को प्रदर्शित किया जाएगा, जबकि एक्सपो में घरेलू और विदेशी कंपनियों को अपने उत्पाद दिखाने और साझेदारी खोजने का मंच मिलेगा।
आयोजक इस कार्यक्रम को हरित बुनियादी ढांचे में निवेश को तेज करने, स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्र में रोजगार सृजन करने और 2030 के अंतर्राष्ट्रीय जलवायु लक्ष्य को पूरा करने के लिए महत्वपूर्ण मानते हैं।
नई दिल्ली में सुरक्षा और लॉजिस्टिक इंतजाम कड़े किए गए हैं; प्रधानमंत्री वरिष्ठ मंत्रियों, राज्य प्रतिनिधियों और व्यापार प्रतिनिधियों के समक्ष संबोधन करेंगे और फिर प्रदर्शनी हॉल का दौरा करेंगे।
यह उद्घाटन नवीकरणीय ऊर्जा को आर्थिक विकास और ऊर्जा सुरक्षा के प्रमुख स्तंभ के रूप में सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है, तथा नीति संवाद और उद्योग सहयोग के केंद्र के रूप में दिल्ली की भूमिका को सुदृढ़ करता है।